नई दिल्ली।

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) ने देश के सभी सरकारी विश्वविद्यालयों, कॉलेजों और संस्थानों को अपने यहां सभी रिक्त पदों पर शिक्षक भर्ती अगले 6 माह में पूरी करने के निर्देश दिए हैं।

आयोग ने सभी यूनिवर्सिटीज के कुलपतियों को पत्र लिखकर टाइम बाउंड भर्ती (समय सारणी के मुताबिक) करने को कहा है। जानकारी के अनुसार देश के सरकारी विवि, कॉलेजों और अन्य उच्च शिक्षण संस्थानों में करीब 2 लाख से ज्यादा पद रिक्त पड़े हैं।

गौरतलब है कि साल 2018 में यूजीसी ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा 13 पॉइंट रोस्टर को लेकर उठे विवाद के वक्त भर्तियों पर रोक लगा दे थी, तब भी करीब 6000 पदों पर भर्तियां प्रक्रिया के बीच रुक गई थीं।

बाद में सरकार ने 200 पॉइंट रोस्टर के खिलाफ अध्यादेश लेकर आरक्षित वर्ग के हितों की रक्षा की थी।

अब विवि अनुदान आयोग द्वारा भर्ती के लिए निर्देश देने के कारण देश के सभी राज्यों में संचालित विवि, कॉलेज और अन्य उच्च शिक्षण संस्थानों में 2 लाख से ज्यादा शिक्षकों के जॉइन होने का रास्ता साफ हो गया है।

अगर यूजीसी के निर्देश से भर्ती की गईं तो अगले 6 माह के भीतर यह नौकरियां देनी होंगी।

उल्लेखनीय है कि लोकसभा चुनाव से पहले जहां कांग्रेस ने एक साल में 24 लाख जॉब देने का वादा किया था, वहीं बीजेपी ने अपने घोषणा पत्र में नौकरियों का जिक्र नहीं किया था, जबकि युवाओं ने मोदी के नाम पर विश्वास के साथ बम्पर वोट दिया।

अब यह भर्तियां निकलने के बाद साफ हो सकता कि मोदी सरकार इस बार बिना वादे के न केवल सरकारी नौकरी देने जा रही है, बल्कि कौशल विकास के माध्यम से जॉब क्रिएट करने के लिए श्रम मंत्रालय के अधीन एक मंत्रिमंडलीय समूह बनाकर काम शुरू कर दिया था।