पति, पत्नी और ‘वो’ का रिश्ता अब अपराध नहीं-SC

79
nationaldunia
- नेशनल दुनिया पर विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें 9828999333-
dr. rajvendra chaudhary jaipur-hospital

नई दिल्ली।
भारत में पति, पत्नी और ‘वो’ का रिश्ता अब अपराध नहीं होगा। बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने अपने एक अहम फैसले में अडल्टरी, यानी विवाहेतर संबंध को अपराध के दायरे से बाहर कर दिया है।
कोर्ट ने इंडियन पैनल कोड की धारा 497 में अडल्टरी को अपराध बताने वाले प्रावधान को असंवैधानिक करार दिया है। चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा, जस्टिस ए.एम. खानविलकर, जस्टिस इंदु मल्होत्रा, जस्टिस चंद्रचूड़ और जस्टिस आरएफ नरीमन की पांच जजों की बेंच ने एकमत से यह फैसला सुनाया।
शीर्ष कोर्ट ने हालांकि यह भी कहा कि अडल्टरी तलाक का आधार बना रहेगा। इस तरह के सम्बन्धों के चलते खुदकुशी के मामले में उकसाने का केस भी दर्ज हो सकेगा।
उच्चतम न्यायालय का यह ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए महिलाओं की इच्छा, अधिकार और सम्मान को सर्वोच्च बताया है। कोर्ट ने कहा कि कोई भी पति महिला का मालिक नहीं होता है। महिलाओं को सेक्सुअल चॉइस से रोका नहीं जा सकता है।
शीर्ष कोर्ट ने 157 साल पुराने मामले में महिलाओं को पुरुषों के बराबर सेक्सुअल संबंध बनाने के अधिकार प्रदान किए हैं। इस फैसले का लंबे समय से इंतजार था।

देश की राजनीतिक खबरें NATIONALDUNIA पर पढ़ें। देश भर की अन्य खबरों के ल‍िए बने रह‍िए WWW.NATIONALDUNIA.COM के साथ। देश और दुन‍िया की सभी खबरों की ताजा अपडेट के ल‍िए जुड़िए हमारे FACEBOOK पेज से। हमें आर्थिक मदद पेटीएम नंबर 9828999333 पर करें।