जयपुर।
बीते दिनों राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन के चुनाव में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से सीधा पंगा लेने वाले पूर्व नेता प्रतिपक्ष रामेश्वर डूडी को कांग्रेस पार्टी ने बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है।

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी ने राजस्थान विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष और पूर्व सांसद रामेश्वर डूडी को कांग्रेस पार्टी के 5 से 15 नवंबर के दौरान होने वाले देशव्यापी जनजागरण अभियान के तहत पंजाब राज्य एवं केन्द्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ का राज्य पर्यवेक्षक नियुक्त किया है।

रामेश्वर डूडी को यह जिम्मेदारी एआईसीसी के संगठन महामंत्री के. सी. वेणुगोपाल ने कांग्रेस पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी के निर्देशानुसार सौंपी है।

रामेश्वर डूडी ने इस जिम्मेदारी के लिए कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी का हार्दिक आभार जताते हुए कहा है कि वे शीघ्र ही चंडीगढ़ जाकर अपने दायित्व का निर्वाह करेंगे ।

रामेश्वर डूडी ने एक बयान में कहा कि देश में केंद्र की भाजपा सरकार सभी मोर्चों पर असफल हुई है और आज देश के किसान, युवा और गरीब वर्ग सबसे अधिक परेशान है।

डूडी ने कहा कि बेरोजगारी, महंगाई, कृषि संकट, आर्थिक मंदी, डांवाडोल बैंकिंग व्यवस्था जैसे मुद्दों पर केंद्र की भाजपा सरकार की असफलता को लेकर कांग्रेस पार्टी देश के सभी राज्यों में 5 से 15 नवंबर के मध्य जनजागरण करने जा रही है।

इसी संबंध में उन्हें यह दायित्व सौंपा गया है। वे शीघ्र चंडीगढ़ जाकर वहां कांग्रेस पार्टी के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं से संवाद एवं संपर्क करेंगे।

गौरतलब है कि आरसीए के चुनाव में नागौर जिला क्रिकेट संघ के अध्यक्ष रामेश्वर डूडी ने भी आरसीए अध्यक्ष का चुनाव लड़ा था, किंतु अध्यक्ष पद पर अशोक गहलोत बेटे के विपक्ष में होने के कारण रामेश्वर डूडी का पर्चा खारिज कर दिया गया था।

हालांकि, इसका कारण नागौर क्रिकेट संघ के आरसीए से बर्खास्त होने की बात कही गई थी। इस चुनाव में गहलोत के बेटे वैभव गहलोत की जीत हुई थी। चुनाव के वक्त गहलोत और डूडी के बीच तल्खियां इतन बढ़ गई थीं, कि डूडी ने गहलोत को ध्रतराष्ट्र की उपाधि तक से नवाज दिया था।