राजस्व मंत्री हरीश चौधरी के प्रयास रंग लाए, प्रवासी मजदूर पहुंचेंगे घर

राजस्व मंत्री हरीश चौधरी की पहल रंग लाने लगी, चौधरी की लगातार मांग पर गृह मंत्रालय ने प्रवासी मज़दूरों की घर वापसी के लिए जारी किए आदेश।

माधुसिंह गोरा

कोरोना वायरस का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। वायरस के प्रसार को रोकने के लिए राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन चल रहा है।

इस कारण बहुत से प्रवासी मजदूर दूसरे राज्यों में फंसे हुए है जिन्हें अपने घर तक पहुंचाने को लेकर राजस्थान सरकार के राजस्व मंत्री हरीश चौधरी पीएम नरेंद्र मोदी व गृह मंत्री अमित शाह को लगातार पत्र लिखकर मांग कर चुके है जिसके बाद बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्रालय ने देश के अलग-अलग जगहों पर फंसे प्रवासी मजदूरों, पर्यटकों, विद्यार्थियों आदि की आवाजाही की अनुमति दे दी है।

गृह मंत्रालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि सभी राज्य और केंद्रशासित प्रदेश अपने यहां फंसे लोगों को उनके गृह राज्यों में भेजने और दूसरी जगहों से अपने-अपना नागरिकों को लाने के लिए स्टैंडर्ड प्रॉटोकॉल तैयार करें।

यानी, अब हर प्रदेश दूसरे प्रदेशों में अपने नागरिकों को वापस ला पाएगा और अपने यहां फंसे दूसरे प्रदेशों के नागरिकों को वहां भेज पाएगा। हालांकि, जो लोग जाना चाहेंगे, उनकी स्क्रीनिंग की जाएगी।

अगर उनमें कोविड-19 के कोई लक्षण नहीं दिखेंगे तो उन्हें जाने की अनुमति होगी। बहरहाल, गृह मंत्रालय ने जारी ऑर्डर में कहा है कि राज्य और केंद्रशासित प्रदेश इस काम के लिए नोडल अथॉरिटीज नामित करेंगे और फिर ये अथॉरिटीज अपने-अपने यहां फंसे लोगों का रजिस्ट्रेशन करेंगी।

जिन राज्यों के बीच लोगों की आवाजाही होनी है, वहां की अथॉरिटीज एक दूसरे से संपर्क कर सड़क के जरिए लोगों की आवाजाही सुनिश्चित करेंगी।लोगों की आवाजाही के लिए बसों का उपयोग किया जा सकेगा।

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बसों को सैनिटाइज करने के बाद उसमें सोशल डिस्टैंसिंग के नियम के मुताबिक ही लोगों को बिठाया जाएगा। कोई भी राज्य इन बसों को अपनी सीमा में प्रवेश करने से नहीं रोकेगा और उन्हें गुजरने की अनुमति देगा।

डेस्टिनेशन पर पहुंचने के बाद लोगों की लोकल हेल्थ अथॉरिटीज की ओर से जांच की जाएगी। बाहर से आए लोगों को घूमने-फिरने की अनुमति नहीं होगी और उन्हें होम क्वॉरेंटाइन में ही रहना होगा।

जरूरत पड़ी तो उन्हें अस्पतालों/स्वास्थ्य केंद्रों में भी भर्ती किया जा सकता है। उनकी समय-समय पर जांच होती रहेगी। ऐसे लोगों को आरोग्य सेतु का इस्तेमाल करना होगा ताकि उनके स्वास्थ्य पर नजर रखी जा सके।

राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने बताया कि देशव्यापी लॉकडाउन में फ़ंसे राजस्थान के प्रवासी श्रमिकों को अपने गंतव्य स्थान तक पहुँचाने की छूट देने के संबंध में हमने प्रथम दिन से ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अनुरोध किया था और अभी राज्य सरकार ने भी प्रवासियों की घर वापसी के लिए क्रियान्वयन आरंभ कर दिया था।

आज केंद्र सरकार ने भी COVID – 19 से लड़ने के लिए लगाए गए लॉकडाउन प्रतिबंध के परिणामस्वरूप देश में विभिन्न स्थानों पर फंसे हुए प्रवासी मज़दूर, तीर्थयात्री, पर्यटक, छात्र और अन्य व्यक्तियों को सड़क मार्ग से स्थानांतरण की अनुमति दे दी है।

सभी प्रवासी बंधुओं से अनुरोध है कि वह सरकार द्वारा जारी सभी नियमों का पालन करें एवं प्रशासन का पूरा सहयोग करें।

गौरतलब है कि कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए देश भर में लगाए गए लॉकडाउन के बीच अलग-अलग राज्यों में मजदूर फंसे हुए हैं।

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ये प्रवासी मजदूर लगातार अपने घर वापस जाने की मांग कर रहे हैं. जिसको देखते हुए राजस्व मंत्री हरीश चौधरी ने गम्भीरता से लेते हुए प्रयासरत थे, अब चौधरी के प्रयासों के बाद मजदूर अपने-अपने घरों को लौट रहे हैं।