युवा कांग्रेस के चुनाव परिणाम पर खेल मंत्री अशोक चांदना ने उठाए सवाल, निष्पक्ष जांच कराने की मांग की

नेशनल दुनिया डेस्क

राजस्थानी युवा कांग्रेस के चुनाव परिणाम को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। पार्टी इस मामले को लेकर दो दलों में बंटी हुई नजर आ रही है। 35 दिन के भीतर युवा कांग्रेस के द्वारा दो बार परिणाम जारी करने और दोनों बार अलग-अलग परिणाम जारी करने को लेकर राजस्थान की राजनीति में चर्चित विषय बन गया है।

पहले परिणाम में जहां सुमित भवासरा को विजय हासिल किया हुआ दिखाया गया था, वहीं 7 अप्रैल को जारी किए गए अधिकारिक परिणाम में लाडनू से विधायक मुकेश भाकर को विजय घोषित किया गया है। दूसरी बार आए परिणाम के बाद कांग्रेस पार्टी में तूफान खड़ा हो गया है।

screenshot 20200409 225535 twitter1251937189127379571

पार्टी में एक गुट मुख्यमंत्री अशोक गहलोत खेमे का है, जबकि दूसरे गुट में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सचिन पायलट हैं। चर्चा है कि सुमित भवासरा अशोक गहलोत खेलने के थे, जबकि अब जीते मुकेश भाकर सचिन पायलट खेमे के माने जाते हैं।

चुनाव परिणाम को पहले ही सवालों के घेरे में लेने वाले नेताओं की लिस्ट में अब निवर्तमान युवा कांग्रेस के अध्यक्ष और प्रदेश के खेल मंत्री अशोक चांदना का नाम भी जुड़ गया है। अशोक चांदना ने एक के बाद एक, लगातार दो ट्वीट करके इस चुनाव की निष्पक्ष एजेंसी से जांच कराने की मांग की है। उन्होंने लिखा है कांग्रेस पार्टी में युवा भागीदारी को लेकर राहुल गांधी का सपना था, जो हैकर्स के द्वारा दम तोड़ता नजर आ रहा है।

screenshot 20200409 225554 twitter4802637778444880859

मंत्री अशोक चांदना ने अपने ट्वीट में लिखा है कि प्रदेश युवा कांग्रेस की लगातार बदलते चुनाव परिणाम के कारण कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं और युवाओं में गहरी निराशा है और पार्टी के चुनाव परिणाम भी हैकर्स के द्वारा प्रभावित किए जा रहे हैं।

यह भी पढ़ें :  Video: राजेंद्र राठौड़ ने उपचुनाव में कांग्रेस के लिए क्या कहा?

इस बात को केंद्रीय आलाकमान भी मान चुका है। इसलिए इस पर तुरंत प्रभाव से रोक लगाई जानी चाहिए और निष्पक्ष जांच करवाई जानी चाहिए। खेल मंत्री अशोक चांदना को भी मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का करीबी माना जाता है।

गौरतलब है कि युवा कांग्रेस का यह चुनाव शुरू से ही विवादों में रहा है। पहली बार एक मोबाइल एप्लीकेशन के द्वारा करवाई गई वोटिंग और उसके बाद जारी परिणाम को लेकर पहले ही दिन से सवाल खड़े हो रहे थे, जो अब दूसरे चुनाव परिणाम जारी किए जाने के बाद विवाद का रूप ले चुका है।

युवा कांग्रेस के चुनाव परिणाम में पहले सुमित भगासरा को विजेता घोषित किया गया था, लेकिन कांग्रेसी चुनाव प्राधिकरण के द्वारा सुमित भवासरा के द्वारा लेनदेन कर हैकर्स के द्वारा मोबाइल एप्लीकेशन को हैक कर परिणाम बदलने की बात कही है। मुकेश भाकर ने कहा है कि सुमित भगासरा ने हैकर्स को 70 लाख रुपए दिए थे।

दूसरी तरफ सुमित भगासरा का कहना है कि मुकेश भाकर के द्वारा ब्लैक मेलिंग करके चुनाव परिणाम बदला गया है। उन्होंने न तो किसी हैकर को पैसे दिए और ना ही किसी गलत गतिविधि में शामिल होने का काम किया है। भगासरा ने हाईकोर्ट की शरण में जाने की बात कही है।