राजस्थान में कोरोना पीड़ितों के क्‍वारेंटाइन के लिए 1 लाख बैड तैयार

कोरोना को लेकर राज्य में स्थिति नियंत्रण में: चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य मंत्री

जयपुर, 23 मार्च। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा कोरोना को लेकर राज्य में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। कोरोना से लड़ने के लिए राजस्थान सजग है, हमारी तैयारियां पूरी हैं।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में लॉकडाउन के समय आमजन भी घर से बाहर ना निकलकर सरकार का पूर्ण सहयोग करे।

डॉ. शर्मा ने कहा कि कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए मुख्यमंत्री ने प्रदेश में 22 से 31 मार्च तक का जो लॉकडाउन का फैसला किया है, ताकि प्रदेश की जनता इस वायरस के खतरे से बचे लेकिन कुछ लोग इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को स्वयं को ट्विट कर लॉकडाउन की पालना कड़ाई से करवाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इसमें सबकी भलाई है। आमजन इसमें भरपूर सहयोग करे और प्रदेश को कोरोना से हराने में मदद करे।

क्वारेंटाइन के लिए 1 लाख बैड चिन्हित
डॉ. शर्मा ने कहा कि कोरोना से जुड़ी किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरे प्रदेश में 1 लाख बैड क्वारेटाइन के लिए चिन्हित किए हैं, जिनमें आवास, अस्पताल, होटल और हॉस्टल भी हो सकते हैं।

इन सबको मिलाकर विभाग की तैयारी 1 लाख लोगों को क्वारेंटाइन की सुविधा उपलब्ध कराना है।
तुरंत राहत के लिए जिलों को दिया 5 करोड़ का अनटाइड फंड
उन्होंने कहा कि आमजन को लॉकडाउन के दौरान किसी भी तरह की परेशानी ना हो इससे बचने के लिए सभी जिलों में 5 करोड़ की राशि अनटाइड फंड बनाकर दी जा रही है।

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इसमें जयपुर जिले को 30 लाख रुपए बाकी संभागीय मुख्यालय पर 20-20 लाख रुपए और अन्य जिलों को 10 लाख रुपए दिए गए हैं। यह फंड पुनर्भरित होता रहेगा और खर्च होने के बाद वापस मिलता जाएगा।

उन्होंने कहा कि स्थानीय प्रशासन के सहयोग से इस राशि को जन कल्याण में खर्च किया जा सकता है।

डॉक्टर्स और पैरामेडिकल स्टाफ के लिए 25 करोड़ का फंड
उन्होंने कहा कि डॉक्टर्स और पैरामैडिकल स्टाफ, जो 24 घंटे अपनी जान जोखिम में डालकर मरीजों की तीमारदारी में लगे हुए हैं।

उनके प्रोत्साहन के लिए 25 करोड़ का फंड बनाया गया है। ऐसे डॉक्टर्स और स्टाफ को अच्छा काम करने के लिए सर्टिफिकेट भी दिया जाएगा।

 मेडिकल विभाग ने कोविड-19 सहायता कोष में दिए 32 लाख रुपए
डॉ. शर्मा ने कहा कि विभाग के पैरामेडिकल और नर्सिंग काउंसिल द्वारा 11-11 लाख और फार्मेसी और मेडिकल काउंसिल के द्वारा 5-5 लाख रुपए के कुल 32 लाख के चैक मुख्यमंत्री सहायता कोष को भिजवाए गए हैं।

इसके अलावा डॉक्टर्स की अरसिदा यूनियन ने एक दिन का वेतन कोविड-19 मुख्यमंत्री सहायता कोष में देने का फैसला लिया है।

कोविड-19 मुख्यमंत्री सहायता कोष में करें भरपूर मदद
चिकित्सा मंत्री ने कहा कि आज के हालात से लड़ने के लिए राज्य सरकार ने ‘कोविड-19 मुख्यमंत्री सहायता कोष‘ बनाया है।

उन्होंने उद्योगपति, समाजसेवी, दानदाता और आमजन से इस महामारी से लड़ने के लिए राज्य सरकार को आर्थिक रूप से भरपूर सहयोग करने की अपील की है।

उन्होंने कहा कि सबजन को इस पुनीत कार्य में सरकार का सहयोग जरूर करना चाहिए।

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कालाबाजारी करने वालों पर होगी काूननी कार्यवाही
डॉ. शर्मा ने कहा कि वर्तमान परिस्थितयों में खाद्य सामग्री का अनुचित संरक्षण और संग्रहण और उसकी कालाबाजारी करना भी दंडनीय अपराध है।

रोजमर्रा के काम में आने वाली चीजों, मास्क, सेनेटाइजर सहित जरूरत की चीजों की कोई किसी भी तरह की कोई कालाबाजारी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्यवाही की जाएगी।

अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ होगी कड़ी कार्यवाही
सोशल मीडिया पर कोरोना वायरस से जुड़ी झूठी अफवाह फैलाने और भ्रामक प्रचार करने वाले 29 लोगों को अभी तक गिरफ्तार किया जा चुका है।

उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति झूठी अफवाह फैलाता या धारा 144 का उल्लंघन करते हुए पकड़ा गया तो उसके खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जा सकती है।

प्रदेश में धारा 144 लगाई गई थी, इसमें 20 व्यक्तियों को एक साथ नहीं रहने के निर्देश थे। अब इसमें परिवर्तन कर 5 से ज्यादा लोग एक साथ खड़े नहीं रह सकते हैं।

यदि कोई इसका उल्लंघन करता है तो उन पर आईपीसी की धारा 188 के तहत कानूनी कार्यवाही की जा सकती हैै।