पिंकी चौधरी की तरह लौट आएगी मनीषा डूडी?

बीकानेर/जयपुर। जुलाई माह में बाड़मेर के समदड़ी पंचायत से प्रधान रहीं पिंकी चौधरी जब अपने प्रेमी अशोक चौधरी के साथ भाग गई थीं, तब यह कहा गया था कि उनको पति और ससुर के द्वारा प्रधानी के अधिकार नहीं दिये गये थे, वह केवल कठपूतली बनी हुई थीं।

ठीक एक माह बाद पिंकी चौधरी वापस आईं और बाड़मेर पुलिस अधीक्षक के समक्ष हाजिर होकर अपनी पीड़ा बताई। एक माह पहले पिंकी ने पुलिस थाने में पत्रकारों को कहा था कि उसका अपहरण नहीं हुआ था, वह अपनी मर्जी से अपने प्रेमी अशोक चौधरी के साथ लिव इन रिलेशनशिप में रह रही थीं और रहना चाहती हैं।

इसके बाद जब वह वापस आईं तो फिर से पत्रकारों के सामने बयान दिया कि उसका अशोक चौधरी और उसके कुछ साथियों ने अपहरण कर लिया था, वह अब बड़ी मुश्किल से अशोक के चंगुल से भागी हैं। साथ ही बताया कि उसके पति, ससुर और बेटे को मारने की धमकी देकर अशोक चौधरी ने उसका एक माह तक देह शोषण किया।

मामला अब कोर्ट कचहरी में चल रहा है। पिंकी के पूर्व पति ने दूसरी शादी कर ली है और पिंकी चाहती हैं कि वह अपने पूर्व पति के पास ही रहें। इधर, अशोक चौधरी ने अपहरण से इनकार किया था। पुलिस अपना काम कर रही है।

अब दिसंबर 2020 में तकरीबन ऐसा ही एक मामला सामने आया है बीकानेर से, जहां पर 18 साल की मनीषा डूडी अपने धर्म के भाई बने 22 साल के मुख्तियार खान के साथ शादी कर घर से भाग गई हैं। मनीषा डूडी और मुख्तियार खान ने शादी का रजिस्ट्रेशन भी सोशल मीडिया पर जारी किया है। साथ ही एक वीडियो बयान जारी किया है, जिसमें मनीषा ने कहा है कि वह अपनी मर्जी से शादी कर मुख्तियार के साथ गई हैं।

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इधर, मनीषा के दादा और पिता ने बीकानेर पुलिस अधीक्षक प्रीति चंद्रा के पास गुहार लगाई है कि उनकी बेटी का अपहरण कर जबरन शादी की गई है। उन्होंने इस बात को स्वीकार भी किया है कि वह 18 साल की हो गई है, किंतु कहा है कि वह नासमझ है, बच्ची है, जो अपने भविष्य के ठीक से फैसले नहीं ले पा रही है।

एसपी चंद्रा कहती हैं कि संविधान के अनुसार लड़की 18 साल में और लड़का 21 साल में अपनी मर्जी से शादी कर सकते हैं। इसके बाद कानूनन पुलिस उनकी मर्जी के खिलाफ उनके विरुद्ध कोई कदम नहीं उठा सकती है। नया शहर थाने में नव दंपत्ति ने सुरक्षा की गुहार लगाई है।

मामला राजनीतिक तौर गर्म हो गया है। यहां पर अनैक लोग इस मामले को लव जिहाद करार दे रहे हैं। सामाजिक सौहार्द बिगड़ता हुआ नजर आ रहा है। पुलिस अपने हिसाब से काम कर रही है। मनीषा के दादा, पिता ने समाज और पुलिस से न्याय की मांग की है। मुस्लिम समाज के कुछ लोगों के ओडियो वायरल हो रहे हैं, जिसमें लव जिहाद से इनकार किया गया है।

बताया जा रहा है कि मनीषा डूडी, जो डी860, बांगडसर गांव की रहने वाली है, जबकि मुख्तियार खान भी पास के ही गांव का रहने वाला है। दोनों के बीच भाई—बहन रिश्ता था, एक वीडियो और मनीषा के दादा, पिता ने भी कहा है कि दोनों धर्म के भाई—बहन थे और धोखे से घर से भाग गये हैं। उनका कहना है कि लड़के ने साजिश में मनीषा का फंसाया है और उसके साथ अनहोनी होने की आशंका है।

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दोनों मामलों में समानता यह है कि परिवारजनों की मर्जी के खिलाफ लड़कियां घर से भागीं, एक वापस लौट आई है, जबकि दूसरी अपनी पुलिस सुरक्षा मांग रही है। सामाजिक तौर पर दोनों ही गलत है, लेकिन कानूनन दोनों को अधिकार है। ऐसे में समय और पाठक तय करें कि सही क्या है और गलत क्या है?