शिकायत में जुटे वसुंधरा खेमे के नेता, डॉ पूनियां को मिला फ्री हैंड!

जयपुर। पिछले दिनों 50 नगर निकाय के चुनाव के दौरान भारतीय जनता पार्टी को आशा अनुकूल सफलता नहीं मिलने की बात कहकर राजस्थान में वसुंधरा राजे खेमे से माने जाने वाले कई नेताओं ने भाजपा के राष्ट्रीय नेतृत्व से प्रदेश नेतृत्व की शिकायत की है।

भाजपा सूत्रों का कहना है कि शिकायत करने वाले नेताओं में जयपुर के 2 मौजूदा विधायक, एक पूर्व विधायक और दो राज्यसभा सांसद शामिल हैं। सूत्रों की माने तो भाजपा नेतृत्व को प्रदेश नेतृत्व के द्वारा निकाय चुनाव में टिकट बंटवारा सही नहीं किए जाने और कद्दावर नेताओं को मैदान में नहीं उतारे जाने की शिकायत की गई है।

भाजपा के दिल्ली सूत्रों का दावा है कि भाजपा के राज्यसभा सांसद किरोड़ी लाल मीणा, विधायक कालीचरण सराफ, अशोक लाहोटी और पूर्व विधायक व पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी के द्वारा केंद्रीय नेतृत्व से राज्य नेतृत्व, खासतौर से अध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया की कार्यशैली को लेकर सवाल उठाते हुए टिकट बंटवारे समेत कई तरह की शिकायत की गई हैं।

इन सभी नेराओं को वसुंधरा राजे खेमे से माना जाता है। शिकायत करने वालों की लिस्ट में कुछ भाजपा कार्यकर्ता केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल का नाम भी ले रहे हैं, जिनका बेटा भाजपा के टिकट के बावजूद पिछले दिनों चुनाव हार गया था।

इधर, जानकारी में आया है कि पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भी दिल्ली पहुंच गई हैं, वह अगले कुछ दिन दिल्ली में ही रहने वाली हैं। इस दौरान उनका जेपी नड्डा से मिलने का भी कार्यक्रम है। उल्लेखनीय है कि तीन दिन पहले ही भाजपा की प्रदेश अध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया, नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया, उप नेता प्रतिपक्ष राजेंद्र सिंह राठौड़ और प्रदेश संगठन महामंत्री चंद्रशेखर दिल्ली गए थे।

यह भी पढ़ें :  भाजपा या केंद्र में, कहां जा रहे हैं सचिन पायलट?

उस दौरान वसुंधरा खेमे के नेताओं के द्वारा जो शिकायतें की गईं, उनको लेकर भी चर्चा हुई है। कुछ लोगों का कहना है कि इन तमाम चारों टॉप नेताओं को वसुंधरा राजे समर्थकों के द्वारा हाल ही में “टीम वसुंधरा राजे” नाम से जो एक अलग मंच बनाया गया है, उसको लेकर राष्ट्रीय नेतृत्व द्वारा बातचीत की गई है और भविष्य की रणनीति पर गहनता से चर्चा की गई है।

उल्लेखनीय है कि 2 दिन पहले ही एक निजी टीवी चैनल के संवाददाता के साथ बात करते हुए राज्यसभा सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने कहा था कि टिकट बंटवारे में छोटी-मोटी गड़बड़ नहीं होती तो निकाय चुनाव में भाजपा और ज्यादा बेहतर परिणाम हासिल कर सकती थी।

इससे पहले सोमवार को देर शाम राज्यसभा सांसद किरोड़ी लाल मीणा ने भाजपा अध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया से उनके घर पर करीब करीब एक घंटे तक मुलाकात की थी, जिसके अलग-अलग मायने निकाले जा रहे हैं।

बहरहाल उक्त नेताओं के द्वारा अगर शिकायत की गई है और तो उसका परिणाम भविष्य में क्या होगा, यह कहना फिलहाल जल्दबाजी होगा। किंतु इतना तय है कि राजस्थान भाजपा में जिस तरह से संघनिष्ठ अध्यक्ष डॉ सतीश पूनियां के द्वारा बड़े पैमाने पर संगठनात्मक बदलाव किए जा रहे हैं।

उनके द्वारा ऐसे कार्यकर्ताओं को टिकट देकर आगे बढ़ाने का काम किया जा रहा है, जो बरसों से पार्टी और संघ के प्रति जिम्मेदार रहते हुए बिना किसी लोभ या लालच के संगठन की सेवा कर रहे थे, किंतु एक विशेष गुट के द्वारा पिछले करीब डेढ़ दशक से उनको आगे बढ़ने का मौका नहीं दिया गया था।

यह भी पढ़ें :  मंत्री शाले मोहम्मद ने रामदेव मंदिर में एक घन्टे तक मंत्रोचारण के साथ किया शिव अभिषेक

इससे साफ है कि सतीश पूनिया की कार्यप्रणाली को लेकर भले ही राज्य के कुछ कथित बड़े नेताओं के दिक्कत हो, किंतु आम कार्यकर्ता बेहद खुश हैं।

कहा जा रहा है कि पिछली मीटिंग में भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने पंचायत समिति व जिला परिषद के चुनाव परिणाम को देखकर प्रदेश अध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया को इस माह की 28 तारीख को होने वाले 90 नगर निकाय के चुनाव, उसके बाद तीन जगह पर विधानसभा सीटों के उपचुनाव के साथ ही 12 जिलों में होने वाले पंचायत समिति व जिला परिषद के चुनाव के लिए भी फ्री हैंड दे दिया गया है।