जयपुर/नई दिल्ली।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2019 का पहला और अब तक का सबसे बड़ा इंटरव्यू दिया है। प्रधानमंत्री मोदी ने 95 मिनट के इस इंटरव्यू में बेबाकी से तमाम उन सवालों के जवाब दिए, जो बीते साढे 4 साल से विपक्ष के द्वारा उठाए जा रहे हैं।

पाकिस्तान के ऊपर 2016 में किए गए सर्जिकल स्ट्राइक को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुलासा करते हुए कहा है कि जब सैनिक पाकिस्तान में घुस गए थे, तब से लेकर वापस लौटने तक हर पल की उन्होंने जानकारी जुटाई।

उरी में हमले के बाद सर्जिकल स्ट्राइक के निर्णय को लेकर प्रधानमंत्री ने कहा है कि यह निर्णय बेहद कठिन था। देश में बहुत गुस्सा था, सेना आक्रोशित थी और उनके भीतर बदले की आग जल रही थी। जिसके बाद सेना ने यह प्रक्रम करके देश को गौरवान्वित महसूस करवाया है।

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अयोध्या में राम मंदिर बनाने के मामले में अध्यादेश लाने के सवाल पर प्रधानमंत्री ने साफ कहा कि यह न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा है। मामला सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है, वहां से निर्णय आने के बाद सरकार कोई एक्शन लेने की स्थिति में होगी।

राम मंदिर बनाने के मामले पर उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के घोषणा पत्र में स्पष्ट है कि वह संविधान के दायरे में रहकर मंदिर बनाने के लिए वचनबद्ध है, और उसकी पालना भी करेंगे।

तीन तलाक के मुद्दे पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद ही सरकार तीन तलाक पर अध्यादेश लेकर आई थी। उसके बाद ही लोकसभा में दो बार यह कानून पारित हो चुका है। राज्यसभा में विपक्षी पार्टियों के द्वारा लगाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि पाकिस्तान समेत बहुत सारे इस्लामिक कंट्रीज में तीन तलाक प्रतिबंधित है तो फिर भारत में क्यों नहीं होना चाहिए। उन्होंने तीन तलाक को किसी भी धार्मिक या आस्था का मामला होने की बात को इनकार करते हुए कहा कि यह समानता के लिए बनाया जा रहा कानून है, और इसके लिए सभी पार्टियों को एकजुट होना चाहिए।

आरबीआई की पूर्व गवर्नर उर्जित पटेल की स्थिति के बात को लेकर खुलासा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि बीते 6 माह से उर्जित पटेल इस पद से इस्तीफा देना चाहते थे। उन्होंने खुद उनको लिखित में गवर्नर के पद से मुक्ति चाहने के लिए आग्रह किया था।

उन्होंने कहा कि उर्जित पटेल किसी दबाव में नहीं थे, बल्कि उन्होंने व्यक्तिगत कारणों से इस्तीफा दिया था। उर्जित पटेल के इस्तीफे को प्रधानमंत्री ने राजनीतिक चश्मे से देखने के बजाय व्यक्तिगत कारणों से देखने का आग्रह किया है। पीएम मोदी ने उर्जित पटेल के कार्यकाल को बहुत अच्छा करार देते हुए कहा कि आरबीआई गवर्नर ने अच्छा काम किया था, उनके काम को याद रखा जाएगा।

संवैधानिक संस्थाओं पर केंद्र सरकार के द्वारा हस्तक्षेप करने की बात को नकारते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पहले भी कई बार आरबीआई के गवर्नर से सरकारों ने इस्तीफे लिए हैं, उन्होंने तो किसी से इस्तीफा भी नहीं लिया।

सीबीआई की बात पर बोलते हुए मोदी ने कहा कि विशेष अदालत के द्वारा फैसला आने के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि सोहराबुद्दीन मामले में तत्कालीन सरकार ने उनके ऊपर गलत मंशा से केस दायर किया था, और उस मामले में सीबीआई का बेजा इस्तेमाल किया गया था।

प्रवर्तन निदेशालय पर दबाव बनाने की बात को लेकर प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार के हाथ अगस्तावेस्टलैंड मामले में राजदार क्रिश्चन मिशेल को पकड़ा गया है। जिसके बाद कांग्रेस के एक कार्यकर्ता, जो कि वकील भी है, उन्होंने कोर्ट में अपील की।

इससे साफ जाहिर होता है कि वह क्रिश्चन मिशेल को बचाना चाहती है। मोदी ने कहा कि क्रिश्चन मिशेल राज खोलने वाला है, इसलिए उसको बचाना कांग्रेस के लिए मजबूरी है।

प्रधानमंत्री मोदी ने नोट बंदी के फैसले का बचाव करते हुए कहा कि वह निर्णय एक झटके में नहीं लिया गया था, बल्कि सरकार ने सभी को 1 साल पहले आधा कर दिया था कि काला धन वाले लोगों को बख्शा नहीं जाएगा।

अपने इंटरव्यू में मोदी ने कांग्रेस पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि जिनकी चार पीढ़ियां देश चला रही थी, उनके वारिस आज जमानत पर हैं। उन्होंने कहा कि देश को इन चार पीढ़ियों वाले परिवार को हिसाब देना चाहिए।

प्रधानमंत्री मोदी ने 1962, 1971, 1999 के युद्धों का जिक्र करते हुए कहा कि पाकिस्तान को सुधारने में वक्त लगेगा। वह एक सर्जिकल स्ट्राइक से सुधरने वाला नहीं है। लेकिन उस पर अंकुश करने के लिए, उसको नियंत्रित रखने के लिए सर्जिकल स्ट्राइक होती रहेगी, इस बात का संकेत में प्रधानमंत्री ने दिया है।

बीते वर्ष 5 राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान बीजेपी को मिली हार पर प्रतिक्रिया देते हुए पीएम मोदी ने कहा कि मिजोरम और तेलंगाना में भारतीय जनता पार्टी को बहुमत मिलने की कोई संभावना नहीं थी छत्तीसगढ़ में जरूर स्पष्ट मैंडेट मिला है लेकिन राजस्थान और मध्यप्रदेश में खंडित जनादेश है जिसके समीक्षा भारतीय जनता पार्टी कर रही है।

इसके साथ ही उन्होंने कहा है कि 15 साल के बाद किसी राज्य में किसी भी सरकार के खिलाफ एंटी इनकंबेंसी बन सकती है। ऐसे में मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की हार को लेकर बीजेपी उसी तरह से विचार कर रही है।

आयुष्मान भारत योजना का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा है कि 5 लाख तक का स्वास्थ्य बीमा देश के प्रत्येक नागरिक को मिल रहा है। इससे बड़ी स्वास्थ्य योजना दुनिया में कहीं भी नहीं है। इस योजना के बाद देश के स्वास्थ्य में सुधार होगा, इस बात की उम्मीद की जा रही है।

सर्जिकल स्ट्राइक पर गंभीरता से बात करती हो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तब की एक-एक चीजों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब सूर्य उदय के वक्त भेजे गए सैनिकों से देश का संपर्क टूट गया था, तो 1 घंटे तक हुए खुद बहुत बेचैन थे।

एक एक सैनिक देश की सीमा में लौटने के बाद उन्होंने कैबिनेट की मीटिंग की, सुरक्षा कमेटी की मीटिंग की और पाकिस्तान को इसकी सूचना दी। उसकी सूचना देने के बाद देश को जानकारी देने के लिए पत्रकार वार्ता में देश में सेना के अधिकारी ने जानकारी देना उचित समझा।

मोदी लहर पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि विपक्ष के द्वारा मोदी लहर नहीं होने की बात कहना ही इस बात का संकेत है कि देश में अभी भी मोदी ले रहे और उससे वह डरे हुए हैं। यही कारण है कि बार-बार इस बात को नकारने का और जनता के सामने खुद का डर दूर करने का प्रयास करते हैं।

कांग्रेस मुक्त भारत के सवाल पर पीएम मोदी ने कहा कि उन्होंने पहले भी कहा है कि उनका कांग्रेस मुक्त भारत का मतलब यह है कि देश में भ्रष्टाचार, वंशवाद, जातिवाद, धार्मिक भावनाएं भड़काने वाली सोच, ऐसे ही एक सोच जो भ्रष्टाचार को जन्म देती है, वह खत्म होनी चाहिए। कांग्रेस मुक्त भारत का उनका यही मतलब है।

मोदी और शाह के मैजिक, जिम्मेदारी और उन्हीं के द्वारा देश चलाने की विपक्ष के आरोप पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का मूल मंत्र “मेरा बूथ सबसे मजबूत” है, और इसी मूल मंत्र के कारण पार्टी देश भर में सफलता प्राप्त करती जा रही है। उन्होंने मोदी-शाह की जोड़ी को पूरी तरह से नकारते हुए कहा है कि यह पूरे देश की सरकार है, दो लोगों की नहीं है।

विजय माल्या, नीरव मोदी जैसे भगोडों पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि देश की सरकार ने 3 लाख करोड रुपए को पकड़ा है। ऐसे में यह कहना बिल्कुल गलत है यह सरकार कुछ नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि देश का पैसा लेकर यहां से भागने वालों के खिलाफ कठोर कानून बनाया गया है और ऐसे में बचकर कोई नहीं जा सकता।

सेवा एवं वस्तु कर, यानी जीएसटी के ऊपर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने विपक्ष के तमाम आरोप नकार दिए। विपक्ष द्वारा जीएसटी को गब्बर सिंह टैक्स कहने के ऊपर बात करते हुए कहा कि जिसकी जैसी सोच होगी, वह वैसे ही शब्दों का इस्तेमाल करेगा।

किसान कर्ज माफी पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि 2007 में स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशें आई हुई पड़ी थी, लेकिन उनको लागू नहीं किया। हमने 32 फसलों पर एमएसपी को बढ़ाने का काम किया है और इस पर आगे काम किया जाएगा। किसानों की संपूर्ण कर्ज माफी कोई सलूशन नहीं है, उनके ऊपर कर्ज बढ़े नहीं, किसान कर्ज ले नहीं, इसके ऊपर काम किया जाएगा।

कथित गौ रक्षकों द्वारा गौ तस्करों की मोब लिंचिंग के द्वारा हत्या करने के मामले पर बोलते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि सभ्य समाज में किसी भी व्यक्ति की हत्या नहीं होनी चाहिए। किसी भी व्यक्ति पर भीड़ के द्वारा इस तरह हमला करना निंदनीय है, उसकी वह कड़े शब्दों में निंदा करते हैं।

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