university grant commission UGC
university grant commission UGC

जयपुर।
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने जून माह में देश के सभी विश्वविद्यालयों और कॉलेजों को निर्देश दिया था कि जिन संस्थानों में शिक्षकों के पद रिक्त हैं, उनको अगले छह माह के भीतर भरा जाये, वरना यूजीसी से मिलने वाली सभी ग्रांट्स बंद कर दी जायेगी।

यूजीसी द्वारा दी गई हिदायत को अब केवल 10 दिन का वक्त बचा है, लेकिन जून माह में ​दिये गये निर्देशों की पालना अभी तक भी नहीं हो पाई है। ऐसे में राजस्थान समेत देश के विभिन्न उच्च शिक्षण संस्थानों में 66 हजार से ज्यादा पद रिक्त पड़े हैं।

अधिक खबरों और वीडियो के लिये आप हमारे यू ट्यूब चैनल को भी सब्सक्राइब करें।

मानस संसाधन विकास मंत्रालय के अनुसान देश के विश्वविद्यालयों में कुल 246509 पदों के एवज में केवल 179950 पद ही भरे हुये हैं, अन्य सभी पदों पर भर्ती होनी बाकी है।

गौरतलब है कि राजस्थान के भी अजमेर स्थित एकमात्र केंद्रीय विश्वविद्यालय में 60 प्रतिशत पद रिक्त् पड़े हैं, जिसके चलते उच्च शिक्षण और शोध कार्यों पर भयंकर विपरीत प्रभाव पड़ रहा है।

इसी तरह से राज्य की अन्य राजकीय यूनिवसिर्टीज में भी औसतन 30 से 40 प्रतिशत तक पदों पर शिक्षक नहीं होने के कारण उच्च शिक्षा का ढांचा बुरी तरह से चरमरा रहा है। राजस्थान विश्वविद्यालय में भी वर्तमान में करीब 450 से ज्यादा पद खाली पड़े हैं।

देशभर की यूनिवर्सिटीज की बात की जाये तो औसतन सभी विश्वविद्यालयों में 28 फीसदी पद खाली हैं, जबकि यूजीसी ने जून माह में ही स्पष्ट कह दिया था कि यदि अगले 6 माह के भीतर पदों को नहीं भरा गया तो सभी तरह की ग्रांट्स रोक दी जायेगी।

दूसरी ओर देश के कई विश्वविद्यालयों में कुलपति नहीं होने के कारण भर्तियां रुकी हुई हैं, तो कहीं पर राज्य सरकारों के द्वारा अनुमति नहीं देने के कारण भी शिक्षक भर्ती पर ग्रहण लगा हुआ है।

यूजीसी ने एक बार फिर से सभी विश्वविद्यालयों और संबद्ध कॉलजों को अपने यहां पर संकाय पदों पर भर्ती को लेकर जानकारी देने को कहा है। यूजीसी ने कहा है कि सारी जानकारी गतिविधि निगरानी पोर्टल पर अपलोड कर सूचित करें।