नावा में हुआ नव वर्ष को लेकर ऐतिहासिक कार्यक्रम, हजारों की संख्या में भगवा वस्त्र पहनकर व झंडे लेकर उतरे नागरिक, सजीव झांकियां व नृत्य करते हुए शहर के विभिन्न मार्गो से होते हुए निकली शोभायात्रा, शहरवासियों ने रंगोलियां बनाकर व पुष्प वर्षा के साथ शोभा यात्रा का किया स्वागत, संपूर्ण शहर हुआ भगवा मय व सजा दुल्हन की तरह, प्रशासन की रही चाक-चौबंद व्यवस्था, शहर के विभिन्न संगठनों ने कार्यक्रम में लगाए चार चांद।

हितेश रारा

नावासिटी/मारोठ।

भारतीय संस्कृति अनुसार चैत्र शुक्ला प्रतिपदा को मनाए जाने वाले विक्रम संवत नव संवत्सर की पूर्व संध्या पर नगर के विभिन्न चौराहों पर जहां वीर बजरंगी सेवा समिति के तत्वाधान में होने वाले आयोजन के तहत दीप प्रज्वलित किए गए, वहीं नगर के मंदिरों में दीपक जलाए गए व वहीं कई लोगों ने भी घरों के बाहर दीपक जलाकर पूर्व संध्या पर नव वर्ष का स्वागत किया।

नगर के पीपली बाजार, झंडा चौक ,पुराना बस स्टैंड, गर्ल्स स्कूल चौराहा सहित कई जगह पर समिति द्वारा दीपदान किया गया व लोगों ने अपने घरों व प्रतिष्ठानों के सामने रंगोली सजाकर दीपक जलाएं ।

नववर्ष के अवसर पर शनिवार को नगर में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। प्रमुख कार्यक्रम वीर बजरंग सेवा समिति एवं नगर की विभिन्न समाज सेवी संस्थाओं के संयुक्त आयोजन में कार्यक्रम हुआ।

जिसमें रामेश्वर धाम मंदिर से प्रातः 8:15 बजे से शोभायात्रा प्रारंभ हुई शोभायात्रा को भादी पीठाधीश्वर रेवती रमन दास महाराज एवं भीवड़ा नाडा बालाजी मंदिर के अयोध्या दास महाराज ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

शोभायात्रा रामेश्वर धाम से रवाना होकर तेजाजी चौक, गोरजचोक, वाल्मिकी मोहल्ला, बाग के गणेश जी जोगियो के आसन ,राधा कृष्ण भगवान मंदिर से पुनः बाग के गणेश जी मंदिर से लुहारों का मोहल्ला, पिपली बाजार, गणेश चौक, सुभाष चौक, झंडा चौक ,मेन मार्केट, महेश्वरी भवन, पुराना बस स्टैंड से होते हुए निधि धर्म कांटे से खटिकों का मोहल्ला, मालियों का मोहल्ला होते हुए तेजाजी के मंदिर के सामने पहुंची।

जहाँ पर आर्य वीर दल द्वारा अखाड़े में हैरत अंग्रेज कारनामों का प्रदर्शन किया गया। जिसे देख कर शोभा यात्रा में आए नागरिकों ने दांतो तले अंगुलियां दबाई ओर कार्यक्रम की प्रशन्सा की।

कार्यक्रम में आकर्षण का मुख्य केंद्र गजराज पर भारत की आन बान शान का प्रतीक तिरंगा ध्वज लहराते हुए का दृश्य व शोभायात्रा में भारत माता की सजीव झांकी, श्रीराम का दरबार, श्रीश्याम का दरबार, कालकी माता का स्वरूप सहित शंकर भगवान का तांडव नृत्य, अघोरियों का नृत्य, शोभा यात्रा में आए हजारों नागरिकों व शहर वासियों का मन मोह लिया।

नव वर्ष आगाज कार्यक्रम में हजारों की संख्या में विभिन धर्मो के बच्चों से लेकर महिलाएं पुरुषो ने कार्यक्रम में हिस्सा लिया। वीर बजरंगी सेवा समिति के प्रकाश योगी, सर्वेश्वर शर्मा, गौतम जोशी ने बताया कि नव वर्ष कार्यक्रम को सफल बनाने में शहरवासियों के साथ विभिन्न संगठनो व संस्थाओं सहित प्रशासन का सहयोग रहा।

वीर बजरंगी सेवा समिति के तत्वाधान में आयोजित कार्यक्रम में भारत वाहिनी, दुर्गा वाहिनी ,श्याम मित्र मंडल, गो रक्षा दल, आर्य वीर दल, बजरंग दल, नमक रिफाइनरी संघ, नमक उत्पादक संघ, फ्रेंड्स क्लब, नावा सोशल सर्विस सोसायटी, नावा स्टूडेंट क्लब, कुमावत युवा शक्ति, परमार्थ सेवा समिति, सुभाष सेवा समिति, विश्व हिंदू परिषद, प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन का सहयोग रहा।

नव वर्ष कार्यक्रम को लेकर शहरवासियों ने जगह-जगह रंगोलियां बनाकर व शोभा यात्रा पर पुष्प वर्षा कर शहर को दुल्हन की तरह सजाया साथ ही प्रशासन की कार्यक्रम में अहम भूमिका रही कार्यक्रम में वर्ता अधिकारी ताराचंद चौधरी, सीआई नावा थानाधिकारी मय पुलिस जाप्ता व आस पास थानों का पुलिस जाप्ता के साथ कमांडो मौजूद रहे।

इसी प्रकार नगर के प्राचीन श्रीराम बजरंग मंदिर से प्रातः 8:00 बजे नव संवत्सर की शोभायात्रा निकाली गई जो मेन बाजार से पिपली बाजार, बोहरो का चोक, मिस्रो का चोक, मालुओं का चौक होते हुए पुनः मंदिर परिसर पहुंची, जहां ध्वज की पूजा के बाद ध्वजा को स्थापित किया गया।

इसी प्रकार की जाल के बालाजी मंदिर से भी 9:15 बजे कलश यात्रा का संचालन किया गया, जो विभिन्न मार्गो से होते हुए पुन मंदिर पहुंची।

जहां राम कथा का शुभारंभ हुआ समिति अध्यक्ष ने बताया कि इसी के साथ नौ दिवसीय मेले का शुभारंभ हुआ। इसी प्रकार नगर के शाकंभरी माता जी मंदिर में भी शनिवार को धट स्थापना की गई।

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