मोदी ने पहुंचाया चीन को 80 अरब का नुकसान, अब 100 अरब के कारोबार पर नजर

—दुनिया के सबसे ज्यादा यूजर भारत में, मोदी सरकार ने इतने अरब का नुकसान कर तोड़ी चीन की कमर
नई दिल्ली।
भारत की नरेंद्र मोदी सरकार ने चीन के 59 मोबाइल एप्स को बैन करके चीन के उपर डिजिटल स्ट्राइक कर दी है। सोमवार देर रात जारी आदेश के बाद चीन को लेकर यह कदम उठाया गया है।

जैसे सरकार ने इसका आदेश जारी किया तो देश का युवा झूम उठा। मानो उसको मनचाहा वरदान मिल गया हो। इसके साथ ही प्ले स्टोर और एप्पल स्टोर से इन एप्लिकेशंस के हटने का सिलसिला भी शुरू हो गया। सबसे पहले टिकटॉक हटा है।

टिकटॉक को लेकर काफी विवाद रहा है। खास बात यह है कि युवाओं ने नशे की तरह इस एप को अपनाया है। कई जगह पर इस एप के कारण युवाओं की जान चली गईं और लड़कियों ओर महिलाओं ने टिकटॉक स्टार बनने के चक्कर में फूहड़ता की सभी हदें पार कर दीं।

80 करोड़ उपभोक्ता
विश्व के बाजार की बात की जाए तो दुनिया में भारत ही ऐसा देश है, जहां पर टिकटॉक और अन्य चाइनीज एप्स के सर्वाधिक 80 करोड़ यूजर हैं। इनके जरिये कंपनियां विज्ञापन देती हैं।

इससे सर्वाधिक रैवेन्यु चीन को जा रहा है। चीन की सरकार ने सबसे अधिक इन एप्स के जरिये भारत में निगरानी की है। भारत की खुफिया ऐजेंसीज ने पिछले दिनों सरकार को 50 एप्स के द्वारा निगरानी करने के लिए आगाह किया था।

अरबों रुपये का कारोबार
दरअसल, चीन हर साल इन एप्स के जरिये भारत से अरबों रुपये ले जा रहा था। चीन की इन कंपनियों के सर्वाधिक ग्राहक भारत में हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि इन कंपनियों का दिवाला निकलना तय है।

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अब मोबाइल कंपनियों पर बैन की तैयारी!
बताया जा रहा है कि भारत ने 59 एप्स बैन का चीन को साफ चेतावनी दे दी है कि अगर सीमा विवाद बंद नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में उनकी मोबाइल हैंडसेट बनाने वाली कंपनियों को भी बैन कर दिया जाएगा।

ओप्पो, वीवो, श्योमी, एमआई, रीयलमी जैसी मोबाइल निर्माता कंपनियां हैं, जिनका भारत के 80 प्रतिशत बाजार पर कब्जा है। एक सर्वे में बताया गया है कि चीन की ये कंपनियां हर साल करीब 100 अरब का कारोबार करती हैं। जिन एप्स को बैन किया गया है, उनका कारोबार भी 80 अरब से अधिक था।