प्रधानमंत्री किसान मानधन: केन्द्र सरकार ने राज्यों से मांगी अन्नदाताओं की सूची

Nationaldunia

—योजना की पहली किश्त मोदी सरकार द्वारा मार्च में देने की तैयारी।

नई दिल्ली।
केन्द्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने ‘प्रधानमंत्री किसान मानधन’ निधि के तहत किसानों के खातों में पहली किश्त डालने की तैयारी कर ली है। संभावना है कि पहली किश्त की राशि मार्च में किसानों के खातों में पैसा डालने के लिए काम शरू कर दिया है।

केंद्र सरकार ने सभी राज्यों से किसान मानधन योजना के तहत पात्र किसानों की जानकारी मांगी है। केंद्र सरकार इसी जानकारी के मुताबिक किसानों को मानधन योजना की पहली किश्त के 2000 रुपए की राशि बैंक खातों में मार्च में पहुंचाना चाहती है।

देश के अधिकतर राज्यों में कृषि जोत से संबंधित तमाम जानकारी डिजिटाइज्ड हो चुकी है। पूरे देश में केवल उत्तर प्रदेश और बिहार ही ऐसे दो राज्य हैं, जहां किसान जोत के डिजिटाइजेशन करने का काम पूरा नहीं हो पाया है।

इसके चलते यूपी और बिहार में दिक्कत हो सकती है, किंतु बाकि सभी राज्यों में पहली किश्त मार्च 2019 में किसानों के खातों में आ जाएगी। अन्नदाता का बैंक खाता आधार से लिंक होने के बाद ही योजना की किश्त उसके खाते में आएगी।

जानकारी में आया है कि केन्द्र सरकार के पास पहले से ही किसानों का काफी डाटा मौजूद है। किसानों द्वारा पहले से ही केंद्र सरकार की विभिन्न सब्सिडी स्कीमों का लाभ लिया जा रहा है।

चालू वित्त वर्ष में किसान मानधन योजना के लिए केंद्र सरकार द्वारा 20,000 करोड़ रुपए उपलब्ध करवाए जाएंगे। इस योजना से पहली बार में ही करीब 10 करोड़ किसानों को पहली किश्त का भुगतान होगा। योजना में केंद्र सरकार अगले वर्ष के लिए 75,000 करोड़ का प्रावधान किया गया है।

यह भी पढ़ें :  गृह मंत्री अमित शाह को हटाने की आवाज उठने लगी है भाजपा में!

इधर, केंद्र सरकार ने संकेत दिए हैं कि यदि टैक्स में वृद्धि होती है तो सरकार किसानों को सालाना 6000 रुपए की जगह इसे बढ़ाया जा सकता है। वित्त मंत्री ने कहा है कि टैक्स कलेक्शन बढ़ने पर किसानों को मिलने वाली सहायता बढ़ा दी जाएगी।