ट्रंप जब Ridicule Islamic terrorism बोल रहे थे, तब दिल्ली में मुस्लिम रतनलाल को पत्थर मार रहे थे

नई दिल्ली।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से इस्लामी का आतंकवाद का जिक्र करते हुए गुजरात के मोटेरा स्टेडियम में कहा कि भारत और अमेरिका को साथ मिलकर रेडिकल इस्लामिक टेररिज्म से लड़ना होगा।

fb img 15825396093637812126937370040411
अहमदाबाद में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का स्वागत करने के बाद आगे बढ़ते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी।

लेकिन गंभीर बात यह है कि जब डोनाल्ड ट्रंप इस्लामिक आतंकवाद का जिक्र कर रहे थे, ठीक लगभग उसी समय दिल्ली में इस्लाम के मानने वालों के द्वारा नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल रतनलाल को पत्थरों से पीटा जा रहा था, उनकी मौत हो गई।

करीब 4 महीने पहले भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब अमेरिका गए और ह्यूस्टन में हाऊडी मोदी का कार्यक्रम हुआ, तब भी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस्लामिक आतंकवाद का जिक्र कर दुनिया का ध्यान अपनी तरफ खींचा था।

लगभग तीन-चार दशक तक दुनिया भर के साथ भारत में भी आतंक का पर्याय बन चुके इस्लामिक आतंकवाद को लेकर एक तरफ जहां लोग खुलकर बात नहीं करते हैं, वहीं अमेरिका के राष्ट्रपति दूसरी बार इस्लामिक आतंकवाद का जिक्र कर उसको मिटाने के लिए भारत के साथ मिलकर लड़ने का दम भरते हैं।

दिल्ली के जाफराबाद में आज एक बार फिर से नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे लोगों की भीड़ उग्र हो गई। पुलिस के द्वारा उनको नियंत्रित किए जाने का प्रयास किया गया। लेकिन कुछ लोगों ने हाथ में बंदूक लिए गोलियां बरसाईं और इस दौरान हेड कॉन्स्टेबल रतनलाल को पत्थरों से पीटा गया, जिनकी मौत हो गई है।

यह भी पढ़ें :  Sachin pilot को टोंक और कांग्रेस को 40 सीटों पर आजमाएगी AIMIM