संसद में रो पड़े पीएम मोदी, आखिर क्या है कारण?

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी मंगलवार को राज्यसभा में गुलाम नबी आजाद को लेकर रो पड़े। असल में गुलाम नबी आजाद संसद में राज्यसभा सांसद हैं और उच्च सदन में नेता प्रतिपक्ष हैं, जिनका आज विदाई समारोह हो रहा है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी गुलाम नबी आजाद के विदाई समारोह के अवसर पर बोल रहे थे। पीएम मोदी ने गुजरात में मुख्यमंत्री रहने के दौरान गुलाम नबी आजाद के जम्मू कश्मीर में मुख्यमंत्री रहने के दौरान की एक घटना का जिक्र किया।

मोदी ने कहा कि गुजरात का एक दल जम्मू कश्मीर घूमने गया था। उस दौरान आतंकी हमला हुआ, जिसमें करीब 8 लोगों की मौत हो गई थी। इसको लेकर रात को मोदी को फोन किया, तब गुलाम नबी आजाद रो रहे थे, उसी घटना को याद कर मोदी सदन में भावुक हो गए।

इसके अलावा सुबह भी जब शव विशेष विमान से गुजरात भेजे जा रहे थे, तब भी गुलाम नबी आजाद एयरपोर्ट पर मौजूद थे, तब भी वो रो रहे थे। एक बार फिर मोदी घटना का हवाला देकर भावुक हो गए। काफी देर तक मोदी बोल नहीं पाए और उनको दो बार पानी पीना पड़ा, मोदी आंसू पौंछते हुए कैमरे में कैद हो गए।

गुलाम नबी आजाद 3 साल तक जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री तथा 7 बार सांसद रह चुके हैं। दो बार लोकसभा, में तथा पांचवा राज्यसभा में सांसद रहे। आजाद महाराष्ट्र के विदर्भ क्षेत्र की वाशिम सीट से 2 बार, 1980 तक 1984 में लोकसभा के लिए निर्वाचित हुए थे।

इसके बाद वह महाराष्ट्र के राज्यसभा में चले गए थे। आजाद तभी से राज्यसभा सांसद हैं, सिवाय 3 वर्ष के अंतराल के, वे 2005 से 2008 तक पीडीपी के साथ गठबंधन सरकार के मुख्यमंत्री थे, विभिन्न विभागों तथा संगठन में भी उन्होंने कई जिम्मेदारियां संभाली।

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