लखनऊ।

उत्तर प्रदेश की तेज तर्रार आईएएस अधिकारी बी चंद्रकला और वहां के तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के बीच सम्बंधों को लेकर सीबीआई ने बड़ा खुलासा किया है।

सीबीआई ने आईएएस अधिकारी बी चंद्रकला से पूछताछ में कई सबूत जुटाने का दावा किया है। सीबीआई के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि बी चंद्रकला को मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की तरफ से मन मर्जी से काम करने की छूट मिली हुई थी।

साल 2014 से लेकर 16 के बीच में आईएएस चंद्रकला सभी फाइलें अपनी मर्जी से निपटा रही थी। आपको यह भी बता दें कि अखिलेश यादव सरकार में चंद्रकला हमेशा डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट (DM) के पद पर रही थी।

शनिवार को सीबीआई ने उत्तर प्रदेश के 14 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी करके बड़े पैमाने पर अवैध कारोबार के दस्तावेज जुटाने का दावा किया है। जिसमें लखनऊ स्थित आवास पर आईएएस अधिकारी बी चंद्रकला का मामला भी इसमें शामिल है।

सीबीआई ने सोमवार को आईएएस अधिकारी बी चंद्रकला से पूछताछ की जिसमें उन्होंने तत्कालीन सरकार और कई बड़े नेताओं का नाम लिया बताया जा रहा है।

सीबीआई के एक सूत्र का दावा है कि चंद्रकला ने इस दौरान तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव द्वारा उनको सभी तरह की खुली छूट देने की बात भी स्वीकार की है।

पूछताछ के दौरान चंद्रकला ने बताया कि उनको आंखें बंद करके छूट देने और काम करने की आजादी मिली हुई थी। इसी दौरान 2014 में उन्होंने 60 अवैध खनन पट्टे जारी किए थे।