mehbooba mufti rafukh abdullah
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नई दिल्ली।

जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारुक अब्दुल्ला और एक अन्य पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती अब से पहले देश के खिलाफ खुलकर नहीं बोल पा रहे थे। लेकिन जैसे-जैसे लोकसभा चुनाव नजदीक आते जा रहे हैं, वैसे वैसे एक राशि देश के खिलाफ बयानबाजी की होड़ करने लगे हैं।

दोनों के द्वारा आज देश के खिलाफ जम्मू कश्मीर को लेकर बयान बाजी की गई है फारूक अब्दुल्ला ने जा पुरवामा अटैक और उसके बाद पाकिस्तान के बालाकोट में भारत के द्वारा की गई एयर स्ट्राइक को गलत ठहराया है। साथ ही उन्होंने इसको मोदी सरकार द्वारा राम मंदिर के मुद्दे से भटकाने के लिए किया गया हमला करार दिया है।

वहीं दूसरी तरफ पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ़्ती ने कहा है कि अगर भारत सरकार जम्मू कश्मीर से धारा 370 को हटा दिया तो यह राज्य भारत से अलग देश बन जाएगा।

हालांकि, यह पहला मौका नहीं है जब महबूबा मुफ्ती इस तरह के बयान दिए हैं, लेकिन जिस प्रकार से आज धारा 370 को लेकर जम्मू कश्मीर को अलग देश बनाने की बात कही है, उसे साफ है कि यह इरादे देश के पक्ष में नहीं होकर खतरनाक तौर पर देश के खिलाफ हो चुके हैं।

अब तक केवल एयर स्ट्राइक के सबूत मांगे जा रहे थे, लेकिन आज मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्लाह द्वारा बालाकोट पर की गई कार्रवाई को नाजायज और मंदिर के मुद्दे से ध्यान भटकाने के लिए किया गया हमला करार दिया है, उससे साफ हो चुका है कि वह पाकिस्तान के खिलाफ की गई भारतीय वायु सेना की इस कार्रवाई से नाखुश है।

आपको बता दें कि इन दोनों ही नेताओं की नेतागिरी जम्मू कश्मीर तक सीमित है। दोनों जम्मू कश्मीर में मुख्यमंत्री बनने के लिए और सत्ता हासिल करने के लिए एक दूसरे के खिलाफ बोलते रहते हैं, क्योंकि आज की तारीख में देश में माहौल राष्ट्रवाद के लिए चल चुका है।

ऐसे में इन दोनों को अपने सियासी जमीन बचाने के लिए तीखी बयानबाजी करनी पड़ रही है। हालांकि, बीते दिनों अलगाववादी नेता यासीन मलिक पर केंद्र सरकार के द्वारा नकेल कसने और यासीन मलिक को गिरफ्तार कर उनके संगठन पर बैन करने के बाद यह दोनों नेता अब कुछ ज्यादा ही मुखर हो गए हैं।

ऐसा लग रहा है कि इनको सत्ता हासिल करने के लिए देश की भी परवाह नहीं है। यह भी बता दें कि केंद्र सरकार में बीजेपी सरकार के विपक्ष में तकरीबन सभी राजनीतिक दलों ने एयर स्ट्राइक के सबूत मांगे हैं और केंद्र सरकार की इस मामले में तीखी आलोचना की है।

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