जयपुर।

राजस्थान में बहुजन समाज पार्टी 10 साल बाद एक बार फिर से बिक गई! पार्टी के सभी 6 विधायकों ने देर रात कांग्रेस पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली।

बसपा विधायकों की इस कदम को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का मास्टर स्ट्रोक बताया जा रहा है।

विधानसभा अध्यक्ष डॉक्टर सीपी जोशी को सौपे गए पत्र में सभी विधायकों ने खुद के कांग्रेस पार्टी में शामिल होने का ऐलान किया है।अब BSP के सभी 6 विधायक कांग्रेस में शामिल माने जाएंगे।

उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष डॉ.सीपी जोशी को भी अपना विलय पत्र सौंप दिया है। इनमें विधायक जोगेंद्र सिंह अवाना (नदबई), लाखन मीणा (करौली), दीपचंद खेरिया (किशनगढ़ बास), संदीप यादव (तिजारा), राजेंद्र सिंह गुढ़ा (उदयपुरवाटी), वाजीब अली (नगर) ने कांग्रेस पार्टी ज्वॉइन कर ली है।

बता दें कि इससे पहले साल 2009 में भी जब कांग्रेस पार्टी के चिन्ह में विधायक थे। तब भी बसपा के 6 विधायक थे, और तब भी सभी कांग्रेस में विलय हो गए थे।

तब राजकुमार शर्मा (नवलगढ़), रामकेश मीणा (गंगापुर सिटी), रमेश मीणा (सपोटरा), गिर्राज मलिंगा (बाड़ी), राजेन्द्र गुढ़ा (उदयपुरवाटी) और मुरारीलाल मीणा (दौसा) शामिल हुए थे।

आपको याद दिला दें कि बीते दिनों जब विधानसभा सत्र के बाद एक सेमिनार में उदयपुरवाटी से बसपा के विधायक राजेंद्र गुढ़ा ने अपनी ही पार्टी पर आरोप लगाया था, कि उनकी पार्टी में पैसे लेकर टिकट दिए जाते हैं।

दल बदल कानून के तहत जब किसी पार्टी के दो तिहाई विधायक या सांसद किसी दूसरी पार्टी में शामिल होते हैं, तो उस पार्टी का विलय मान लिया जाता है।

राजस्थान से बहुजन समाज पार्टी के 6 विधायक जीत कर आए थे और सभी ने कांग्रेस की सदस्यता ग्रहण कर ली है। ऐसे में राजस्थान से बसपा का कांग्रेस में विलय हो गया है।